Trump Tariff से तनाव के बीच India को रिझाने की कोशिश में America, दिया बड़ा ऑफर
अमेरिका भारत को अपने रक्षा बाजार का स्पेशल कस्टमर बनाने के लिए सक्रिय है. इसी कड़ी में अमेरिकी रक्षा विभाग पेंटागन और बोइंग कंपनी का एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भारत दौरे पर है. यहां 4 अरब डॉलर यानी करीब 33,500 करोड़ रुपये के
भारतीय IT कंपनियों का कुछ नहीं बिगाड़ पाएंगे ट्रंप, खुद इस दिग्गज अमेरिकी कंपनी ने कर दी भविष्यवाणी
ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म जेफरीज ने भारतीय आईटी कंपनियों को लेकर एक बड़ा अनुमान लगाया है. FE की एक रिपोर्ट के मुताबिक जेफरीज ने लार्जकैप सेक्टर में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) और इंफोसिस को अपनी पसंदीदा कंपनियों में शामिल किया है. जेफरीज का मानना
ट्रंप का एक फैसला और देश की दिग्गज कंपनियों के छूटे पसीने, इंफोसिस से लेकर HCL तक का होगा बुरा हाल
अमेरिका में H1-B वीजा की फीस में अचानक भारी बढ़ोतरी से भारत की प्रमुख आईटी कंपनियों को तगड़ा झटका लगा है. ट्रंप प्रशासन की ओर से लागू की गई इस नीति के तहत अब एक H1-B वीजा आवेदन की लागत करीब $100,000 (लगभग









