
वॉशिंगटन: अमेरिका में वह हुआ जिसका डर जताया जा रहा था। आधी रात से सरकारी शटडाउन लागू हो गया है, जिसका असर देशभर के लाखों फेडरल कर्मचारियों और आम नागरिकों पर सीधे पड़ेगा। यह स्थिति तब उत्पन्न हुई जब सरकार के संचालन के लिए आवश्यक फंडिंग बिल अमेरिकी सैननेट में पारित नहीं हो सका।
क्यों हुआ शटडाउन?
डेमोक्रेटिक पार्टी चाहती थी कि फंडिंग बिल में गरीबों के लिए स्वास्थ्य सब्सिडी और विस्तृत मेडिकेड प्रोग्राम शामिल हों, जबकि रिपब्लिकन पार्टी इसे स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं थी। दोनों दलों के बीच कोई समझौता नहीं हो सका, जिसके कारण सरकारी कार्यकाज ठप्प हो गया। रिपब्लिकन नेताओं ने डेमोक्रेट्स पर “राजनीतिक लाभ के लिए आम जनता की कुर्बानी” का आरोप लगाया, जबकि डेमोक्रेट्स ने रिपब्लिकनों को बातचीत से इंकार और स्वास्थ्य सेवाओं पर जोखिम डालने का दोषी ठहराया।
कौन-कौन प्रभावित होंगे?
- फेडरल कर्मचारी: सबसे बड़ा असर सरकारी कर्मचारियों पर पड़ेगा। बड़ी संख्या में लोगों को बिना वेतन की छुट्टी (फर्लो) पर भेजा जाएगा।
- जनसंपर्क और सार्वजनिक सेवाएं: हवाई अड्डों की सुरक्षा, खाद्य सुरक्षा निरीक्षण, अदालतें और अन्य कई सेवाएं प्रभावित होंगी।
- आर्थिक प्रभाव: यह शटडाउन अमेरिका की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था पर महत्वपूर्ण असर डाल सकता है। निवेश और व्यापारिक माहौल भी प्रभावित होगा।









