
पंजाब में राशन विवाद: भगवंत मान का केंद्र पर सीधा हमला, कहा– ‘न वोट चोरी रुकी, न डेटा… अब राशन पर वार’
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने केंद्र सरकार के उस फैसले को कठघरे में खड़ा किया है, जिसके तहत राज्य में 11 लाख लाभार्थियों का राशन रोकने की तैयारी की जा रही है। मान ने इसे “जनविरोधी कदम” बताते हुए साफ कहा कि पंजाब सरकार किसी भी हकदार परिवार को भूखा नहीं सोने देगी।
चंडीगढ़ में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सीएम मान ने केंद्र पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया, “यह वही सिलसिला है… पहले वोट चोरी हुई, फिर डेटा चोरी हुआ और अब गरीबों का राशन छीना जा रहा है। लेकिन हम किसी भी कीमत पर पंजाब के घरों का चूल्हा ठंडा नहीं होने देंगे।”
मुख्यमंत्री ने सवाल उठाया कि जब पंजाब ही देश के सेंट्रल पूल में सबसे अधिक गेहूं देता है, तो ऐसे हालात में राज्य के हिस्से का राशन बंद करने का फैसला कैसे लिया जा सकता है। उन्होंने बताया कि इस मामले पर केंद्र को पत्र लिखा गया है और राशन कार्डों की वेरिफिकेशन के लिए अतिरिक्त छह महीने का समय भी लिया गया है।
मान ने कहा कि पंजाब सरकार हर परिवार को उसके अधिकार का राशन सुनिश्चित करेगी और किसी भी लाभार्थी को बाहर नहीं किया जाएगा।









