
हरियाणा के जींद में एक सरकारी स्कूल के टीचर के घर में आग लग गई और टीचर घर के अंदर ही जिंदा जल गए. शनिवार सुबह जब आसपास के लोगों ने टीचर के घर में आग लगती देखी तो उन्होंने आग लगने की जानकारी फायर ब्रिगेड को दी. फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक टीचर बुरी तरह से आग में झुलस चुके थे और उनकी जिंदा जलकर मौत हो गई थी.
मृतक टीचर की पहचान राजकुमार के रूप में हुई है, जो जींद के खेड़ा खेमावती गांव में सरकारी शिक्षक थे. उनका शव इतना जल गया था कि शव की पहचान कर पाना भी मुश्किल हो गया था. टीचर की मौत के बाद उनके घर वालों को जानकारी दी गई. उनकी पत्नी एक नर्स हैं, जो भिवानी में रहती हैं और उनका एक बेटा रोहतक में रहता है. वह पिछले 8 सालों से जींद के एक गांव अमरेहड़ी में मकान लेकर रह रहे थे.
परिजनों ने जताया हत्या का शक
टीचर राजकुमार के घर पर आग कैसे लगी. इसकी जानकारी अभी तक सामने नहीं आई है. हालांकि, पुलिस मामले की जांच कर रही है. वहीं उनके परिजनों ने हत्या का शक जताया है. बताया जा रहा है कि सुबह करीब साढ़े पांच जब लोग टहलने के लिए निकले तो उन्होंने टीचर राजकुमार के घर में आग लगी देखी. उन्होंने तुरंत दमकल विभाग को जानकारी दे दी और खुद आग बुझाने की कोशिश करने लगे.
रात को आ रही थी चिल्लाने की आवाज
इसके बाद जब फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया और अंदर देखा तो राजकुमार की जिंदा जलकर मौत हो चुकी थी. राजकुमार के चचेरे भाई ने कहा कि उन्हें स्थानीय लोगों ने बताया कि हादसे से पहले रात को 12 बजे चिल्लाने की आवाज आ रही थी. उन्होंने बाहर आकर देखा तो कुछ नहीं था और आवाज आनी भी बंद हो गईं तो लोग वापस अपने घरों में चले गए.
सीसीटीवी फुटेज की जा रही चेक
इसके साथ ही उनके भाई ने ये भी कहा कि हमने आसपास के सीसीटीवी फुटेज चेक कराए हैं. उनमें शनिवार को सुबह के समय आसपास के गांव में एक गाड़ी आती दिखाई दी. उन्होंने कहा कि हमें उन्हीं लोगों पर शक है कि टीचर के घर में उन्होंने ही आग लगाई होगी. राजकुमार के पिता ने बताया कि उन्हें स्थानीय लोगों ने जानकारी दी कि आपके बेटे की जलकर मौत हो गई है. अब टीचर की मौत को लेकर परिजनों ने सवाल उठाए और इसे हत्या बताई. हालांकि, शुरुआती जांच में कुछ सामने नहीं आया है. पुलिस मामले की जांच में जुट गई है.









